ईरान में हिजाब का विरोध करने वालों को नहीं छोड़ेगी सरकार, 1,000 लोगों के खिलाफ शुरू हो रहे मुकदमे, मिलेगी कड़ी सजा!


ईरान में हिजाब का विरोध करने वालों के खिलाफ शुरू होंगे मुकदमे- India TV Hindi News

Image Source : AP
ईरान में हिजाब का विरोध करने वालों के खिलाफ शुरू होंगे मुकदमे

Iran Hijab Protest: ईरान के लोगों ने बड़ी संख्या में सड़कों पर उतरकर हिजाब का विरोध किया था। इनमें महिलाओं के अलावा पुरुषों ने भी बढ़ चढ़कर हिस्सा लिया। लेकिन अब इन प्रदर्शनकारियों को कड़ी सजा दिए जाने की तैयारी पूरी हो गई है। प्रदर्शनों के वक्त लोगों पर पुलिस और सुरक्षा बलों ने आंसू गैस के गोले छोड़े थे और कई जगहों पर गोलीबारी भी हुई। ईरान में मानवाधिकार कार्यकर्ताओं के समूह के अनुसार, जिसमें कम से कम 270 लोगों की मौत हुई है। इसके साथ ही 14,000 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। अब 1000 लोगों के खिलाफ मुकदमे शुरू किए जा रहे हैं।

अधिकारियों ने सोमवार को घोषणा की है कि वे देश में छह सप्ताह से जारी विरोध प्रदर्शनों को लेकर राजधानी तेहरान में 1,000 लोगों के लिए जन सुनवाई आयोजित करेंगे। बड़े पैमाने पर अभियोग सरकार की पहली बड़ी कानूनी कार्रवाई को चिह्नित करते हैं, जिसका उद्देश्य असंतोष को दबाना है। ईरान की सरकार संचालित ‘इरना’ समाचार एजेंसी ने न्यायिक अधिकारियों के हवाले से कहा है कि विरोध प्रदर्शनों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाले एक हजार लोगों पर उनके ‘विध्वंसक कार्यों’ के लिए तेहरान में मुकदमा चलाया जाएगा। इनमें सुरक्षा गार्ड पर हमला करने, सार्वजनिक संपत्ति में आग लगाने जैसे अन्य आरोप भी शामिल हैं।

अमीनी को हिरासत में लिया गया था

पुलिस की हिरासत में 22 वर्षीय महसा अमीनी की 16 सितंबर को मौत के बाद देशव्यापी विरोध प्रदर्शन शुरू हो गया। महिलाओं के लिए ईरान के सख्त ड्रेस कोड का कथित रूप से उल्लंघन करने के आरोप में अमीनी को हिरासत में लिया गया था। हालांकि, शुरुआत में विरोध प्रदर्शन ईरान में हिजाब पहनने की अनिवार्यता पर केंद्रित थे। बाद में प्रदर्शनों का सिलसिला बढ़ता गया और ये 1979 की इस्लामी क्रांति के बाद सत्तारूढ़ शासकों के लिए सबसे बड़ी चुनौतियों में से एक में बदल गए हैं।

विदेशी सरकारों पर लगाया प्रदर्शन का आरोप

ईरान के न्यायपालिका प्रमुख घोलम-हुसैन मोहसेनी एजेई ने कहा, ‘जो लोग शासन से टकराने और उसे तबाह करने का इरादा रखते हैं, वे विदेशियों पर निर्भर हैं और उन्हें कानूनी मानकों के अनुसार दंडित किया जाएगा।’ उन्होंने संकेत दिया कि कुछ प्रदर्शनकारियों पर विदेशी सरकारों के साथ सहयोग करने का आरोप लगाया जाएगा। तेहरान के अधिकारियों ने बार बार उन दावों को दोहराया है कि ईरान के ‘विदेशी दुश्मनों’ ने देश में अशांति को बढ़ावा दिया है। उन्होंने कहा, ‘बेशक, हमारे न्यायाधीश हाल के उपद्रव के मामलों को सटीकता के साथ और तेजी से देखेंगे।’

रिवोल्यूशनरी गार्ड्स ने युवाओं को चेताया था

सुरक्षा बलों ने विरोध प्रदर्शनों के दौरान प्रदर्शनकारियों को तितर-बितर करने के लिए गोला-बारूद और आंसू गैस का इस्तेमाल किया था। इस बीच, अर्द्धसैन्य बल रिवोल्यूशनरी गार्ड ने भी युवाओं को प्रदर्शन के लिए चेताया है। न्यायिक अधिकारियों ने ईरान के अन्य प्रांतों में भी सैकड़ों लोगों के खिलाफ आरोपों की घोषणा की है। कुछ पर ऐसे आरोप लगाए गए हैं, जिनमें मृत्युदंड का प्रावधान है।

Latest World News





Source link

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here